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Indian Money in Swiss Bank: आख़िर भारत के अमीर लोग अपना पैसा स्विस बैंक मे ही क्यों रखते है? जानें यहाँ

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Indian Money in Swiss Bank: सन 2014 मे स्विस बैंक का नाम काफी चर्चित था, लेकिन फिर एक बार और स्विस बैंक को लेकर ज्यादा बाते सामने आ रही है, वो इसलिए क्योंकि स्विस बैंक मे जमा भारतीयों के पेसे साल दर साल बढ़ोत्तरी कर रहे है, और 2021 मे भारतीय रुपए स्विस बैंक मे 50 फीसदी बढ़े हैं 2021 मे जमा की गई यह रकम पिछले 14 सालों मे से सबसे बढ़ी रकम जमा हुई है। तो चलिए जानते है कि आखिर क्यों भारत के बेंकों को छोड़कर भारतीय स्वीस बैंक मे ही पैसे जमा करते है! 

भारतीय अपना पैसा स्विस बैंक मे ही क्यों जमा करते है 

Swiss Bank

दोस्तों, स्विस बैंक और उसमे जमा भारतीय रुपयों के बारे मे बताने से पहले ये जान ले कि आखिर स्विस बैंक क्या है ? दरअसल स्विजरलैंड में जितनी भी बैंक है उन्हें स्विस बैंक के नाम से जाता है। स्विस बैंक को टैक्स का स्वर्ग नाम से भी जाना जाता है, वो इसलिए क्योंकि अगर आप इन बैंक मे जीतने भी रुपए जमा करते है तो आपको टैक्स के रूप मे बहुत ज्यादा पैसे खर्च करने की जरूरत नहीं पड़ती है, वही अमीर लोगों के बीच स्विस बैंक के सबसे ज्यादा पोपुलर होने की सबसे बड़ी वजह यह है कि स्विस बैंकिंग ऐक्ट 1934 के तहत बैंक अपने होल्डर की जानकारी होल्डर की परमिशन को सार्वजनिक नहीं करता है। साथ ही पुलिस से लेकर अदालत तक बैंक से उस कस्टमर के बारे मे कोई भी जानकारी नहीं मांग सकते है।

मतलब स्विस बैंक की गोपनीयता इतनी ज्यादा मजबूत है कि कानून के तहत बैंक के किसी कस्टमर पर यदि कोई भ्रस्टाचार का मामला चल रहा होता है तो कारवाही के दौरान उसके खाते की जांच नहीं की जाएगी और अगर स्विस बैंक का कोई भी कर्मचारी अपने बैंक के किसी अकाउंट होल्डर की जानकारी लीक करता है तो यहा के कानून के तहत उस कस्टमर को सजा के तौर पर छह महीने की कैद के अलावा 34 लाख रुपए तक का जुर्माना देना पढ सकता है। 

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आपकी जानकारी के लिए बता दे कि  बैंक गोपनीयता की धारा 47 के अनुसार बैंक मे काम कर रहे सारे कर्मचारी, अधिकारी, बैंकिंग संबंधित संस्थाये, एजेंट और खुद बैंक निगरानी आयोग के सदस्य और कर्मचारियों को भी प्राइवसी बनाई रखनी पड़ती है। और आपको यह भी बता दे की स्विस बाँकों मे स्पेसल अकाउंट भी होते है जिसमे अकाउंट होल्डर को प्राइवेसी की खास सुविधा भी मिलती है, इसे नंवर्ड अकाउंट कहते हैं , इनही अकाउंट मे काले धन ज्यादातर पाए जाते है। इसकी खासियत यह कि  अकाउंट से जुड़ी सारी बाते अकाउंट नंबर के बेस पर होती है  यहा कोई नाम नहीं लिए जाते है। 

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